अनुभूति
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Wednesday, April 23, 2014
कहां हैं कृष्ण
जब प्रेम में वासना का स्थान रिक्त हो जाए और उस स्थान पर निश्चलता विराजित हो जाए तो समझ लेना अपने पूर्वज श्रीकृष्ण को अंगीकार कर लिया।
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